भ्रष्टाचार के विरुद्ध जीरो टालरेंस की नीति के तहत उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने एक और बड़ा कदम बढ़ाया है। कैबिनेट ने भ्रष्टाचार निवारण संगठन (एसीओ) की मंडल स्तर पर स्थापित इकाइयों को थाने के रूप में अधिसूचित किए जाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। अब एसीओ के अधिकारी भ्रष्टाचारियों के विरुद्ध अपने थाने में रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई सुनिश्चित करा सकेंगे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के आठ और मंडलों में भ्रष्टाचार निवारण संगठन की नई इकाइयों के गठन की स्वीकृति दी थी। जिन मंडलों में नई इकाइयां गठित की गई हैं, उनमें अलीगढ़, देवीपाटन (गोंडा), बस्ती, प्रयागराज, चित्रकूट धाम (बांदा), सहारनपुर, आजमगढ़, और मिर्जापुर हैं। इनसे पूर्व लखनऊ, मुरादाबाद, बरेली, आगरा, कानपुर, झांसी, अयोध्या, गोरखपुर, वाराणसी व मेरठ मंडल में संगठन की इकाइयां स्थापित थीं। इनके अलावा संगठन की टास्क फोर्स इकाई भी है। अब सभी 18 मंडलों में स्थापित इकाइयों में एसीओ का थाना होगा।
