लखीमपुर खीरी में बीते रविवार को उपद्रव के बाद हिंसा में चार किसानों सहित आठ लोगों की मौत के बाद मामला काफी तूल पकड़ चुका है। सुप्रीम कोर्ट के इस प्रकरण को स्वत: संज्ञान लेने के बीच में शुक्रवार को दिन भी काफी अहम है। प्रकरण की जांच कर रही लखीमपुर क्राइम ब्रांच की टीम ने मामले में नामजद केन्द्रीय गृह राज्य मंत्री अजय कुमार मिश्रा टेनी के पुत्र आशीष मिश्रा को शुक्रवार को तलब किया है। फरार चल रहे आशीष मिश्रा के घर पर गुरुवार को नोटिस भी चस्पा की गई है। आज सभी की निगाहें लखीमपुर खीरी पुलिस लाइन पर हैं, जहां पर आशीष मिश्रा को तलब किया गया है।
आशीष मिश्रा को लेकर आज सभी के मन में सवाल चल रहा है। सबकी निगाह लखीमपुर खीरी पुलिस की क्राइम ब्रांच की जांच प्रणाली पर टिकी हैं। सभी के जेहन में सवाल है कि क्या पुलिस आशीष मिश्रा को इस केस में गिरफ्तार करेगी या फिर पूछताछ के बाद रिहा कर देगी। लखीमपुर खीरी कांड में दर्ज हुई हत्या की रिपोर्ट के मुख्य आरोपित केन्द्रीय मंत्री के बेटे आशीष मिश्र मोनू के घर गुरुवार देर शाम पुलिस ने नोटिस चस्पा की है। जिसमें उनको शुक्रवार को पुलिस की अपराध शाखा के समक्ष तलब किया गया है। उनको शुक्रवार सुबह दस बजे पुलिस लाइंस स्थित अपराध शाखा के कार्यालय में उनके पास मौजूद सभी साक्ष्यों के साथ उपस्थित होने को कहा गया है। माना जा रहा है कि पेशी के दौरान आशीष मिश्रा सौ लोगों की गवाही का एफिडेविट भी दे सकता है। इसमें सौ लोगों ने गवाही दी है कि घटना के समय आशीष मिश्रा दंगल के आयोजन में था।
इस मामले में अब देखने वाली बात यह होगी कि पुलिस मोनू को इसी बातचीत के दौरान गिरफ्तार कर लेगी या फिर पूछताछ के बाद उनको रिहा कर देगी। इस मामले की जांच कर रहीं आइजी लखनऊ जोन लक्ष्मी सिंह ने बताया कि केन्द्रीय मंत्री के बेटे आशीष मिश्र मोनू को भी पुलिस ने समन किया है। उनको आज पुलिस लाइंस में बुलाया गया है। पर्यवेक्षण टीम के सामने वह भी अपनी बात रखें और पुलिस की जांच में अपना सहयोग दें। उन्होंने कहा कि घटना की विवेचना तेजी से चल रही है। बहुत ही जल्द सब कुछ पुलिस सार्वजनिक करेगी।
