आतंकवाद निरोधक दस्ता (ATS) ने जाली नोट देने का झांसा देकर ठगी और लूट करने वाले एक और बदमाश को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार बदमाश वाराणसी के मंडुवाडीह थाना के लहरतारा बौलिया निवासी माइकल सिंह यादव उर्फ मोंटी है। उसके पास से एक लैपटॉप, 3 मोबाइल फोन और 1 फर्जी आधार कार्ड बरामद किया गया है।
29 अक्टूबर को ATS ने प्रतापगढ़ के अभिषेक प्रताप सिंह और मुंबई के नालासोपारा के सौरभ फूलचंद यादव को गिरफ्तार किया था। लखनऊ के गोमतीनगर से पकड़े गए इन बदमाशों के पास से 44,77,500 रुपए बरामद हुए थे। हालांकि इस दौरान तीन बदमाश सचिन, अभिनेन्द्र मिश्रा, विमल उर्फ विधायक फरार हो गए थे। ये लोग ग्रे कलर की इको स्पोर्ट्स (UP78 FL-0855) से भागे थे। पकड़े गए बदमाशों से पूछताछ में मोंटी का नाम सामने आया था।
पैसे को चार गुना करने की स्कीम बता लोगों को ठगते थे
लखनऊ से गिरफ्तार बदमाशों से पूछताछ में सामने आया था कि ये लोग उच्च गुणवत्ता के जाली भारतीय नोट उपलब्ध कराने का लालच देते थे। साथ ही लोगों के पैसे चार गुना करने का झांसा देते थे। पैसे लेकर आने पर उनके साथ ठगी और लूट करते थे। साथ ही ये लोग पैसे को चार गुना करने की अन्य स्कीम बताकर भी ठगी करते थे। टोकन मनी के नाम पर भी लाखों रुपए ऐंठ लेते थे।
ठगी का शिकार हुए लोगों को यह गिरोह अंडरवर्ल्ड से अपने संबंध होने की धमकी देकर चुप करा देता था। इस संबंध में ATS ने लखनऊ के गोमतीनगर थाने में मुकदमा दर्ज कराया था।
मोंटी कैसे बना इस गिरोह का सदस्य
- मार्च 2019 में मोटी अपनी बहन रीना के मुंबई के थाणे के गोयल प्लाजा स्थित घर गया था। वहां उसकी मुलाकात पोनेक्स जिम में सचिन से हुई। जो ब्याज पर रुपए देने का काम करता था।
- सचिन ने मोंटी से कहा कि तुम कुछ लोगों को ब्याज पर पैसा दो। उससे तुमको काफी फायदा होगा। सचिन ने यह भी कहा कि वह रकम दो गुना-चार गुना करने का काम भी करता है। उसने मोंटी को साथ काम करने का ऑफर भी दिया।
- कुछ दिन बाद सचिन ने मोंटी की मुलाकात कानपुर के अविनेन्द्र मिश्रा से कराई।
- फरवरी 2020 में सचिन ने उसकी मुलाकात जौनपुर निवासी हरिओम उर्फ साइंटिस्ट से कराई।
- मोंटी, सचिन, अविनेन्द्र मिश्रा और हरिओम ने होटल हॉलिडे चकाला, मेट्रो रेलवे स्टेशन मुंबई में बातचीत की।
व्यापारी और प्रोफेसर समेत कई हुए शिकार
- जुलाई 2020 में इनकी पहली मीटिंग वाराणसी के पिंडरा निवासी प्रताप सोनकर से हुई। वह पहड़िया फल मंडी का बड़ा व्यापारी था। उससे मीटिंग करने के दौरान 1 करोड़ रुपए लेकर 4 करोड़ के जाली नोट देने की बात हुई। जिसके लिए इन लोगों ने 3 लाख की टोकन मनी ली। बाद में प्रताप सोनकर अपना पैसा वापस मांगने लगा। करीब 2 महीने बाद इन लोगों ने पैसा वापस कर दिया।
- प्रयागराज के सोरांव निवासी अभिषेक श्रीवास्तव उर्फ लकी से इन सभी की दिसंबर 2020 में मुलाकात हुई। सचिन, हरिओम उर्फ साइंटिस्ट, अविनेन्द्र मिश्रा और अभिषेक उर्फ लकी ने मिलकर प्रयागराज के एक प्रोफेसर को रुपए चार गुना करने के लिए वाराणसी के होटल रमाडा में बुलाया। वहां उनसे टोकन मनी के नाम पर 5 लाख रुपए लिए गए। इसमें मोंटी को उसके हिस्से का 30 हजार मिला था।
- इन लोगों ने जनवरी 2021 में प्रोफेसर से 80 लाख रुपए लखनऊ के होटल हयात में चार गुना करके देने के लिए लिया था। जिसमें मोंटी को 14 लाख रुपए मिले थे।
- इसके बाद प्रयागराज के रहने वाले ईंट-भट्ठा कारोबारी मनोज सिंह से फरवरी 2021 में मुंबई के होटल जेडब्लू मेरियेन्ट में मीटिंग की गई। इन लोगों ने 5 लाख रुपए टोकन मनी के नाम पर लिया। मनोज से 1 करोड़ रुपए को चार गुना करने की बात मीटिंग में हुई थी। लेकिन, वह 35-40 लाख रुपए से ज्यादा नहीं दे पा रहा था। इससे वह डील पूरी नहीं हो पाई थी। टोकन मनी से मोंटी को 40 हजार मिले थे।
- इसके बाद वाराणसी निवासी शैलेन्द्र सिंह के माध्यम से सनातन आश्रम, नासिक के स्वामी विश्वरूपानन्द से होटल जेडब्लू मैरियेन्ट, मुंबई में मीटिंग हुई। इसमें स्वामी विश्वरूपानन्द से टोकन मनी के नाम पर 5 लाख रुपए लिए गए।
- वाराणसी निवासी दीपक सिंह के माध्यम से इन लोगों ने अगस्त 2021 में मुंबई के मुब्रा देवी क्षेत्र के राहुल उर्फ गाडा से उसके ज्वेलरी की दुकान पर मीटिंग की। उससे टोकन मनी के नाम पर 5 लाख रुपए लिए।
- रोहित चौरसिया के माध्यम से सितंबर 2021 में दिल्ली के रहने वाले संजीव से मुलाकात हुई। उसी दौरान आगरा निवासी दीपक उर्फ दीपू के माध्यम से दिल्ली के एक डॉक्टर से 3 लाख रुपए लिए गए। लेकिन, काम न होने से डॉक्टर व संजीव अपनी टोकन मनी वापस मांगने लगे।
- दीपक उर्फ दीपू द्वारा जयपुर के जयंत सिंह उर्फ बन्ने से होटल होलीडे दिल्ली में मिलकर एक मीटिंग की गई। उनसे 6 लाख रुपए ले लिए। 19 अक्टूबर 2021 को दिल्ली के होटल लीला में धन चार गुना करने के लिए 30 लाख रुपए लेकर जयंत सिंह आया, तो उसे लूट लिया गया। इसमें मोंटी के साथ दीपक उर्फ दीपू, संजीव, रोहित चौरसिया, सचिन, अविनेन्द्र मिश्रा, हरिओम उर्फ साइंटिस्ट, सौरभ यादव और विमल उर्फ विधायक शामिल थे।
- इसके बाद सचिन, हरिओम उर्फ साइंटिस्ट, रोहित उर्फ छोटू, अनुज, अभिषेक सिंह, विमल व सौरभ यादव ने प्रयागराज के सोरांव निवासी राजकुमार पटेल से मीटिंग की। राजकुमार से टोकन मनी के नाम पर 5 लाख रुपए लिए गए। इसमें से मोंटी को भी 40 हजार मिले थे।
- इसके बाद फिर राजकुमार से पैसा चार गुना करने के लिए 90 लाख रुपए मांगे गए थे। पैसा लेकर राजकुमार नोएडा के होटल JP रिसॉर्ट्स गया, जहां उसे लूट लिया गया। इसमें मोंटी भी सचिन के कहने पर शामिल था।

