रामपुर सांसद आजम खां, उनकी पत्नी शहर विधायक डाॅ. तजीन फात्मा और बेटे अब्दुल्ला आजम के खिलाफ फर्जी जन्म प्रमाण पत्र के मुकदमे में आरोप तय करने पर अदालत में गुरुवार को भी बहस हुई। बहस पूरी हो गई है। अब इस मामले में काेर्ट 11 अगस्त को सुनवाई करेगी।
आजम खां के बेटे अब्दुल्ला आजम के जन्म प्रमाण पत्र को लेकर विवाद है। वह 2017 में विधानसभा चुनाव लड़े। तब उनके मुकाबले चुनाव लड़ रहे पूर्व मंत्री नवाब काजिम अली खां उर्फ नवेद मियां ने उनकी उम्र को लेकर आपत्ति दाखिल की थी। लेकिन, तब निर्वाचन अधिकारी ने आपत्ति खारिज कर दी। अब्दुल्ला चुनाव जीत गए और विधायक बन गए। इसके बाद फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनवाकर कम उम्र में चुनाव लड़ने के आरोप में अब्दुल्ला के खिलाफ पुलिस में मुकदमा दर्ज कराया गया। इसमें आजम खां और तजीन फात्मा को भी नामजद किया गया। इस मामले में तीनों को ही जेल जाना पड़ा। तजीन फात्मा 10 माह बाद जेल से छूटी। जबकि सांसद आजम खां और अब्दुल्ला अभी तक जेल से नहीं छूट सके हैं। तबीयत खराब होने की वजह से आजम खां को जेल से मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इस मामले में अब अदालत में सुनवाई चल रही है।
उधार के रुपये मांगने पर पीटा : स्वार में उधार के रुपये वापस मांगने पर दबंगों ने कारोबारी को पीट दिया। घायल ने एक को नामजद कर दो अज्ञात के खिलाफ पुलिस को तहरीर दी है। मसवासी निवासी फजले अहमद लहसुन का कारोबारी है। पिछले वर्ष लाकडाउन लगने पर कारोबारी ने पड़ोसी इदरीश को एक लाख 40 हजार रुपये का लहसुन एक सप्ताह के अंदर रुपये देने का वादा कर बेच दिया था। कारोबारी अपने रुपये लेने के लिए उसके घर पहुंच गया और उधार के रुपये मांगे तो उसने गाली गलौज शुरु कर दी। विरोध करने पर दबंगो ने मारपीट कर उसे घायल कर दिया। पुलिस ने पीडित कारोबारी की ओर से एक आरोपित को नामजद कर दो अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
